क्यों ज़रूरी है पटाखे मुक्त दीपावली मनाना

November 06, 2018
                                              दीपावली की बहुत बहुत शुभ कामनायें

 प्रदूषण ने हमारी साँसों को कम कर दिया है  | प्रदूषण की वजह से नई नई बीमारियां पनप रही है | प्रदूषण  पर्यावरण को नुकसान पहुँच रहा है |  हवा जहरीली हो गयी है | घर- घर में बिमारियों का बोल बाला है |

  व्यक्ति की सबसे बड़ी दौलत उसका स्वास्थ्य है  | आज जिस घर में कोई व्यक्ति गंभीर बीमारी से पीड़ित हो जाता है उस   घर की  आर्थिक स्थिति चरमरा जाती है |  घर खर्च तक चलाने  में परेशानी आ जाती है |  खाना चाहे हम कम खा ले लेकिन हवा और पानी शुद्ध मिलना निहायत ही ज़रूरी है  | और यह तभी संभव है जब हम पर्यावरण के प्रति हम सचेत होंगे सावधान होंगे |

  त्योहारों को भी हम हंसी ख़ुशी से तभी मना पाएंगे जब घर के सभी लोग स्वस्थ होंगे |  हमारे और परिवार के स्वास्थ्य के लिए यह आवश्यक है की हम पर्यावरण को प्रदूषित होने  से बचाएं  | इसलिए कोशिश करे की इस बार दीपावली को पटाखा मुक्त बनाने का प्रयास करें |  यह प्रदूषण को कम करने में बहुत बड़ा योगदान होगा |

  व्यापारी भाइयों के लिए यह नुकसान का विषय हो सकता है लेकिन शुद्ध हवा और  पानी की  ज़रूरत तो उन्हें और उनके परिवार को भी है |  क्या उन्हें अपने परिवार  के  स्वास्थ  का ख्याल नहीं रखना चाहिए ?  माना  की यह उनके रोजगार का साधन है |  आवश्यकता अविष्कार  जननी  है  रोजगार  बनाये रखने के लिए उन्हें नए तरीके  खोजने होंगे  | 
परिवार और समाज को स्वस्थ रखना हम सबकी जिम्मेदारी है  कर्तव्य है ताकि आने वालीपीढ़ी को शुद्व  पानी की बोतलों की   तरह शुद्द  हवा की बोतलें नहीं खरीदनी पड़े |
1. पटाखों से मुक्ति पाएं
    दीपावली सुहानी मनाएं

2. पर्यावरण को यदि है बचाना
     पटाखों को बिल्कुल  न जलाना

3. आइये दीपावली की शुभकामनाएं पाइये
     परन्तु पटाखों से दूरी अवश्य बनाइये

4. रामराज्य यदि है लाना
    खुशियों को धूम धाम से मनाना
    मिठाइयां ताजा बनी ही खाना
    पटाखों का नहीं है अब जमाना

No comments:

यदि आपको हमारा लेख पसन्द आया हो तो like करें और अपने सुझाव लिखें और अनर्गल comment न करें।
यदि आप सामाजिक विषयों पर कोई लेख चाहते हैं तो हमें जरुर बतायें।

'; (function() { var dsq = document.createElement('script'); dsq.type = 'text/javascript'; dsq.async = true; dsq.src = '//' + disqus_shortname + '.disqus.com/embed.js'; (document.getElementsByTagName('head')[0] || document.getElementsByTagName('body')[0]).appendChild(dsq); })();
Powered by Blogger.